जयपुर

21 अक्टूबर को RPA में पुलिस शहीद दिवस, पुलिस अधिकारी देंगे शहीद पुलिस कर्मियों को श्रद्धांजलि

जयपुर। अपने कर्तव्यों का निर्वाह करते हुए अपने देश की सीमाओं की रक्षा के लिये प्राणों को न्योछावर करने वाले पुलिस के अमर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की जायेगी। यह श्रद्धांजलि शनिवार 21 अक्टूबर सुबह 8 बजे राजस्थान पुलिस अकादमी, नेहरू नगर, जयपुर स्थित शहीद स्मारक पर की जाएगी।

अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस, कानून एवं व्यवस्था एन.आर.के. रेड्डी ने बताया कि पुलिस शहीद दिवस के अवसर पर पुलिस आयुक्तालय जयपुर और आरएसी चतुर्थ व पांचवी बटालियन की टुकड़ी द्वारा गार्ड आॅफ आॅनर दिया जाएगा, जिसकी सलामी महानिदेषक पुलिस अजीत सिंह लेंगे।

इस दौरान शहीदों के नाम का स्मरण किये जाने के बाद लास्टपोस्ट की धुन बजाई जाएगी। इस मौके पर एक सेवानिवृत राजपत्रित एवं एक अराजपत्रित पुलिस अधिकारी शहीद स्मारक पर पुष्प चक्र अर्पित करेंगे। पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारी एवं कर्मचारी गण भी यहां मौजूद होंगे।

रेड्डी ने बताया कि राजस्थान पुलिस अकादमी में कार्यक्रम के बाद लगभग 9.15 बजे जवाहर लाल नेहरू मार्ग स्थित त्रिमूर्ति शहीद स्मारक पर भी महानिदेशक पुलिस सिंह सहित अन्य अधिकारियों द्वारा शहीद पुलिस कर्मियों को श्रद्धा सुमन अर्पित कर श्रद्धांजलि दी जाएगी।

उन्होंने बताया कि पुलिस शहीद दिवस परेड प्रदेश के प्रत्येक जिला मुख्यालय सहित पुलिस की सभी शाखाओं, आरएसी, प्रषिक्षण केन्द्रों, जोन कार्यालयों एवं रेंज प्रकोष्ठों पर भी शहीद पुलिसकर्मियों को श्रद्धांजलि दी जाएगी। इस मौके पर शहीदों की याद में स्वैच्छिक रक्तदान, वृ़क्षारोपण एवं स्वच्छ भारत अभियान के तहत भी कार्यक्रम आयोजित किये जायेंगे। उन्होंने बताया कि प्रदेश की सभी पुलिस लाईन एवं जिलों के अन्य प्रतिष्ठित स्थलों पर ड्यूटी के दौरान शहीद हुए पुलिसकर्मियों के नाम प्रदर्शित किये जायेंगे ।

अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस, कानून एवं व्यवस्था नेे प्रदेश के वीर शहीदों के संबंधित गांव की स्थानीय पुलिस को निर्देष दिये हैं कि देश के विभिन्न संगठनों में जैस सीआरपीएफ, बीएसएफ, आरएसी में देश की सीमाओं और आंतरिक सुरक्षा के लिये राजस्थान के जिन वीर सपूतों ने अपने प्राणों का बलिदान दिया है, वे उन जांबाजों की शौर्य गाथा को उनके गांव के स्कूल में जाकर वहां के बच्चों को उनकी वीरता के बारे में बतायें ताकि नई पीढ़ी के विद्यार्थियों एवं अध्यापकों में भी राष्ट्रभक्ति की भावना जाग्रत हो सके।

यूं हुई पुलिस शहीद दिवस मनाने की शुरुआत : लगभग 58 वर्ष पूर्व अक्टूबर, 1959 में लद्दाख के दुर्गम क्षेत्र में भारतीय पुलिस की एक छोटी टुकड़ी के जवानों ने मातृभूमि की रक्षा करते हुए अपने प्राण न्यौछावर कर दिये थे। तब से प्रतिवर्ष 21 अक्टूबर को देष के कोने-कोने में दिवंगत शुरवीरों की स्मृति में पुलिस शहीद दिवस पर परेड़ का आयोजन किया जाता है। इन वीरों का बलिदान भारतीय पुलिस के कार्यों की उच्चतम परम्पराओं का प्रतीक है तथा कर्तव्यनिष्ठा का अनुपम आदर्श प्रस्तुत करता है।

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *



Most Popular

To Top